पूर्वांचल सूर्य प्रतिनिधि
साहिबगंज।पूर्व विभाग संघ चालक सेवानिवृत टिकट मुख्य निरीक्षक विजय कुमार भारती का रविवार को निधन हो गया। वे अत्यंत मिलनसार,सरल स्वभाव के व्यक्ति होने के साथ साथ एक अच्छे कवि के रूप में भी जाने जाते थे।विजय कुमार भारती के निधन से क्षेत्र और उन्हें जानने वालों के बीच शोक की लहर व्याप्त है।
प्रसिद्ध साहित्यकार और सामाजिक कार्यकर्ता विजय कुमार भारती का जीवन साहित्य और सेवा की एक प्रेरणादायक कहानी है। 29 अगस्त 1954 को जन्मे विजय कुमार
भारती ने अपनी साहित्यिक यात्रा को न केवल अपने जीवन का उद्देश्य बनाया, बल्कि समाज सेवा में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया।
रेलवे से 1 जुलाई 2016 को सेवानिवृत्त होने के बाद विजय कुमार भारती ने अपने आप को पूरी तरह से साहित्य और समाज सेवा में समर्पित कर दिया।वह आरण्यक काव्य मंच, साहिबगंज के संस्थापक और अखिल भारतीय साहित्य परिषद, झारखंड के उपाध्यक्ष और प्रभारी संथाल परगना प्रमंडल रहे।
विजय कुमार भारती को उनके साहित्यिक और सामाजिक योगदान के लिए कई प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है,जिनमें राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार और उल्लेखनीय कार्य के लिए मंडल रेल प्रबंधक पूर्व रेलवे मालदा, महाप्रबंधक राजभाषा विभाग पूर्व रेलवे कोलकाता और रेल मंत्रालय, रेलवे बोर्ड राजभाषा नई दिल्ली द्वारा 2010 में सम्मानित किया गया।सेल इंडिया भागलपुर और कौशल्या ज्योति ट्रस्ट द्वारा साहिबगंज गौरव सम्मान से 7 मई 2017 को सम्मानित और अखिल भारतीय साहित्य परिषद झारखंड द्वारा भोजपुरी भाषा के लिए सर्वभाषा साहित्यकार सम्मान समारोह में 14 अप्रैल 2024 को तुलसी भवन जमशेदपुर में सम्मानित किया गया। बता दें कि एक प्रतिभाशाली लेखक के निधन से साहित्य जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। उनकी लेखनी हमेशा अमर रहेगी।