तीन दिवसीय सांसद सांस्कृतिक महोत्सव सह स्वदेशी मेला की तैयारी जोरों पर,प्रवेश निःशुल्क सुबह नौ बजे से रात्रि दस बजे तक
125 स्टॉल में स्वदेशी उत्पाद,लोक संस्कृति,खान पान, झारखंड की कलाकृति का दिखेगा संगम
पूर्वांचल सूर्य संवाददाता
रांची। वंदे मातरम के 150 वर्ष पूर्ण होने पर सांसद सांस्कृतिक महोत्सव सह स्वदेशी मेला 2026 का तीन दिवसीय आयोजन एक से तीन मई तक आड्रे हाउस में होगा।आयोजन की सफलता के लिए रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ सहित प्रभारी संयोजक और आयोजन समिति के सदस्य अपने-अपने कार्यो को बेहतर ढंग से संपादित करने के लिए आयोजन स्थल में लगे हुए हैं।
रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने बताया कि स्थानीय उत्पादकों,शिल्पकारों और झारखंड के खानपान को प्रोत्साहित करने के लिए 125 से भी ज्यादा स्टॉल निःशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे है।महोत्सव में प्रवेश सुबह 9 बजे से रात्रि 10 बजे तक निःशुल्क रहेगा।तीन दिवसीय महोत्सव में कई स्कूलों से दस हजार बच्चों की यहां सहभागिता होगी।
संजय सेठ ने बताया कि सुबह 9 बजे से चलने वाले कई कार्यक्रम के अलावा सायं 6 बजे से रात्रि 10 बजे तक झारखंड सहित देश भर के विशेष कलाकारों के द्वारा सांस्कृतिक आयोजन के माध्यम से कलाकार अपनी प्रतिभाओ के संग प्रस्तुति देंगे,जिसमे झारखंड के प्रतिभावान बच्चों को मंच के साथ प्रोत्साहित और प्रेरित भी किया जाएगा।
संजय सेठ ने बताया कि वोकल फ़ॉर लोकल सहित आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने के लिए स्वदेशी वस्त्र,स्वदेशी सामान,स्वदेशी खाद्य पदार्थों को स्वदेशी मेला के माध्यम से सांस्कृतिक कलाओ को देखने का सुनहरा अवसर प्रदान होगा।जनजातीय नृत्य,सामूहिक नृत्य,लघु नाटिका, शास्त्रीय संगीत,पश्च्यात सामूहिक संगीत,सहित पारंपरिक गीतों की प्रस्तुतियां भी कलाकारों के माध्यम से रखी जायेगी। इस अवसर पर शिवराज सिंह चौहान कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री सहित गजेंद्र सिंह शेखावत पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री भारत सरकार सहित कई केंद्रीय मंत्री एवम विशिष्ट कलाकारों का आगमन होगा।
संजय सेठ ने बताया कि ऑपरेशन सिंदूर का मई माह में एक साल पूर्ण हो रहा है।ऑपरेशन सिंदूर के विजयी श्री पर रांची के बच्चों द्वारा बनाई गई 400 पेंटिंग की प्रदर्शनी स्वदेशी मेला में लगाई जाएगी।स्वदेशी मेला के संयोजक मुकेश काबरा, सांस्कृतिक कार्यक्रम संयोजक अजय मलकानी,मेला प्रबंधक ऐश्वर्य सेठ,आशीष सत्यव्रत सहित अन्य सदस्य आयोजन को सफल बनाने में लगे हैं।
संजय सेठ ने बताया कि तीन दिनों तक सांस्कृतिक कार्यक्रम के माध्यम से झारखंड के कलाकारों द्वारा प्रस्तुति दी जाएगी। झारखंड की समृद्ध संस्कृति,परंपरा और स्वदेशी आत्मनिर्भरता का भव्य संगम झारखंड में पहली बार हो रहा है।हमारा उद्देश्य स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देना झारखंड की लोक संस्कृति परंपरा एवं आदिवासियों के गौरव को मंच प्रदान कर उनको भरपूर सम्मान देना है। सांस्कृतिक कार्यक्रम के संग स्थानीय उत्पादों, पारंपरिक कला, और राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देना लक्ष्य है।
कार्यक्रम को सफल बनाने में रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ, महापौर रोशनी खलको,उप महापौर नीरज कुमार,सांस्कृतिक महोत्सव के संयोजक अजय मलकानी,स्वदेशी मेला के संयोजक मुकेश काबरा,ऐश्वर्य सेठ,आशीष सत्यब्रत,नीरज चौधरी,रमेंद्र कुमार,शंकर दुबे,बलराम,कमलजीत सिंह (सन्टी), राजीव सहाय,अमित चौधरी,मनीष लोधा,पूनम आनंद,नीतू सिंह,सीमा,एसडी सिंह,आनंद संजीव साहू,नयन मयूर,आनंद कुमार,पवन जोडन,प्रमोद सारस्वत,संजय पोद्दार,ललन श्रीवास्तव,रवि कुमार वर्मा,संजय गोयल,प्रदीप कुमार,भीष्म सिंह,मनोज कुमार,नीलम चौधरी,राजीव वर्मा,राहुल सिंहा, सहित काफी संख्या में आयोजन समिति के सदस्य लगे हैं।